Monday, 19 September 2016

डेविस कपः स्पेन ने किया भारत का सफाया

नई दिल्ली, प्रेट्र। युवा खिलाड़ी सुमित नागल ने डेविस कप में आगाज के दौरान प्रभावित किया, लेकिन भारत को रविवार को यहां विश्व ग्रुप प्लेऑफ मुकाबले में मजबूत स्पेन के हाथों 0-5 से शिकस्त का सामना करना पड़ा। मौजूदा ओलंपिक और फ्रेंच ओपन के डबल्स चैंपियन मार्क लोपेज (जो अब सिंगल्स मैच नहीं खेलते) के खिलाफ खेलते हुए 19 वर्षीय नागल ने मैच के दौरान दबदबा बनाया, लेकिन उन्हें सांस लेने में समस्या हो गई और वह पहले रिवर्स सिंगल्स मैच में 3-6, 6-1, 3-6 से हार गए जो दो घंटे से ज्यादा समय तक चला। रामकुमार रामनाथन के लिए स्पेन को क्लीन स्वीप करने से रोकना मुश्किल था, क्योंकि उनके प्रतिद्वंद्वी दुनिया के 13वें नंबर के खिलाड़ी डेविड फेरर थे। फेरर ने उन्हें 6-2, 6-2 से पराजित किया और अपनी टीम को 5-0 से जीत दिलाई। रामकुमार ने भी हालांकि अपना सर्वश्रेष्ठ खेल दिखाया। ये दोनों मुकाबले बेमानी ही थे, क्योंकि पांच बार की डेविस कप चैंपियन स्पेन की टीम शनिवार को ही 3-0 से जीत चुकी थी। पिछली बार भारतीय टीम को 2003 में वाइटवॉश का सामना करना पड़ा था, जब वह विश्व ग्रुप प्लेऑफ मुकाबले में नीदरलैंड्स से उसकी सरजमीं पर हार गई थी। यह 21वीं बार है जब भारत को वाइटवॉश का सामना करना पड़ा है। स्पेन की टीम ने रिवर्स सिंगल्स में फेलिसियानो लोपेज की जगह मार्क लोपेज को उतारने का फैसला किया, जबकि भारत ने नागल को पदार्पण का मौका दिया। मार्क डेविस कप मुकाबले में दूसरी बार सिंगल्स मैच खेल रहे थे। पिछली बार वह सिंगल्स मैच 2013 में यूक्रेन के खिलाफ विश्व ग्रुप प्लेऑफ में खेले थे। तब भी वह चौथा ही मैच खेले थे और उन्होंने डेनिस मोलचानोव के खिलाफ 6-3 6-3 से जीत दर्ज की थी। खेल जगत की अन्य खबरों के लिए यहां क्लिक करें नागल ने शुरुआती मुश्किलों से पार पाते हुए खुलकर खेलना शुरू किया। उन्होंने अपने फोरहैंड से कुछ ताकतवर शॉट निकाले और ड्रॉप शॉट का भी चतुराई से इस्तेमाल किया। उन्होंने अपने खेल के स्टाइल, कोर्ट कवरेज और शॉट चयन से प्रभावित किया। लेकिन उनको बैकहैंड पर काम करने की जरूरत है और मार्क ने मैच के अंत में उसी हिस्से में आक्रमण किया। अगर उन्हें सांस की समस्या नहीं हुई होती तो नागल यादगार जीत की ओर बढ़ रहे थे, क्योंकि उनके खिलाफ खेलने वाला खिलाड़ी हाल के वर्षाें में केवल आधे ही कोर्ट का इस्तेमाल कर रहा है। नागल के लिए हालांकि यह मैच आत्मविश्वास बढ़ाने वाला साबित होगा, क्योंकि वह दुनिया के 15वें नंबर के डबल्स खिलाड़ी के खिलाफ खेल रहे थे। नागल को तीसरे सेट के दूसरे गेम में सांस की समस्या के लिए मेडिकल टाइम आउट लेना पड़ा। यह तब हुआ जब मैच में उन्होंने पकड़ बनाई हुई थी। उन्होंने ट्रेनर को बुलाने से पहले तीन ब्रेक प्वाइंट बचाए और फिर उपचार के बाद तीन और का बचाव किया। उन्होंने अपनी सर्विस बनाए रखी और मार्क की सर्विस एक बार तोड़कर निर्णायक सेट में 3-0 से बढ़त बना ली। लेकिन लय टूट गई इसके बाद नागल लगातार पांच गेम गंवा बैठे और 3-5 से पिछड़ गए और मार्क ने मैच जीत लिया।

Courtesy:jagran. Com

No comments:

Post a Comment