एशियाई देशों में फुटबॉल के चढ़ते खुमार के बीच वेस्ट यूपी का भी सितारा बुलंद होगा।
संतोष शुक्ल, मेरठ। एशियाई देशों में फुटबॉल के चढ़ते खुमार के बीच वेस्ट यूपी का भी सितारा बुलंद होगा। वर्ष 2017 में भारत में खेले जाने वाले फीफा वर्ल्ड कप में वेस्ट का सुमित राठी देश की कमान संभाल सकता है। उसे टीम इंडिया का सबसे होनहार मिडफील्डर माना जा रहा है। किसी भी फुटबाल वर्ल्ड कप में खेलने वाला वह यूपी का पहला खिलाड़ी होगा। जर्मनी से तीन माह का प्रशिक्षण लेकर अब सुमित गोवा में टीम इंडिया के साथ कैंप कर रहा है। वह टीम इंडिया-17 का कप्तान भी बनाया जा सकता है।
- मंसूरपुर से जर्मनी तक खेला सुमित
फीफा फुटबाल वर्ल्ड कप-17 की मेजबानी भारत करेगा। मुजफ्फरनगर स्थित डीएवी मंसूरपुर का छात्र व सोनटा गांव का सुमित अपने तूफानी खेल की बदौलत टीम इंडिया की रीढ़ बन चुका है। वह ईरान में खेले गए अंडर-16 एशिया कप क्वालीफायर में भारत की ओर से खेल चुका है। सुमित की रफ्तार और मैदान में गेंद के साथ दौड़ते हुए बैलेंस ने चयनकर्ताओं को मुरीद बना दिया। वह टीम इंडिया में यूपी का अकेला खिलाड़ी है। गोवा में कैंप कर रही भारतीय टीम के 35 में से करीब आधे खिलाड़ी नार्थ ईस्ट से चुने गए हैं।
- छह साल की उम्र में खोया पिता
छह वर्ष की आयु में सुमित के सिर से पिता पवन राठी का साया उठ गया। उसकी परवरिश दादा ने की। पांच भाई बहनों के बीच सुमित को खेल के लिए मां से भरपूर सपोर्ट मिला। सही प्रतिभा डीएवी कालेज के कोच रोहिन सिंह ने परखा। यहां से तमाम क्लबों में खेलता हुआ सुमित टीम इंडिया तक पहुंचा।
- क्या कहते हैं कोच
मैंने सुमित की क्षमता को उसके बचपन में ही समझ लिया। उसमें फुटबाल को लेकर जबरदस्त जुनून था। अपने से बड़ी उम्र के खिलाडि़यों को बड़ी आसानी से छकाते हुए गोल पोस्ट तक पहुंच जाता था। टीम इंडिया के लिए खेलता देखना बड़ा अनुभव होगा। - रोहिन सिंह, सुमित के कालेज कोच
Courtesy: jagran. Com
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