Monday, 1 May 2017

HRD मिनिस्ट्री का बड़ा फैसला : इंजिनियरिंग के लिए इस साल भी नहीं होगा कॉमन एंट्रेंस एग्जाम

नई दिल्ली। AICTE ने मार्च में घोषणा की थी कि इंजिनियरिंग कॉलेजों में प्रवेश के लिए अगले सेशन से नेशनल लेवल पर स्टूडेंट्स का कॉमन एंट्रेंस एग्जामिनेशन लिया जाएगा लेकिन HRD मिनिस्ट्री ने इस एंट्रेंस एग्जाम को शुरू करने का विचार फिलहाल के लिए छोड़ दिया है क्योंकि अभी तक देश के सभी राज्यों में इस एंट्रेंस एग्जाम को लेकर एक सहमति नहीं बन पाई है।

HRD मिनिस्ट्री नेशनल लेवल पर एक कॉमन एंट्रेंस एग्जाम करवाना चाहता है

HRD मिनिस्ट्री के एक अधिकारी ने बाते कि मिनिस्ट्री ने यह फैसला इसलिए है क्योंकि सभी राज्यों के बीच कॉमन एग्जाम को लेकर एक सहमति नहीं बन पाई है जिसके कारण फिलहाल के लिए इस प्लान को स्थगित कर दिया गया है। 

लास्ट इयर से लागू हुई NEET परीक्षा की तरह HRD मिनिस्ट्री चाहता है कि इंजिनियरिंग में दाखिला लेने के लिए भी नेशनल लेवल पर एक कॉमन एग्जाम होना चाहिए ताकि इससे स्टूडेंट्स का वक्त भी न जाया हो और उन्हें देशभर में अच्छे कॉलेजों में पढ़ने का मौका भी मिले। इसके लिए ऑल इंडिया काउंसिल ऑफ टेक्निकल एजुकेशन यानी AICTE ने इंजिनियरिंग कॉलेजों में दाखिले के लिए 2018 के शैक्षणिक वर्ष से कॉमन एंट्रेंस एग्जामिनेशन लिए जाने की घोषणा की थी।

बताते चलें, CBSE अभी तक हर साल की भाति इंजिनियरिंग कोर्सेज में दाखिले  के लिए JEE यानी जॉइंट एंट्रेंस एग्जाम का आयोजन करता आ रहा है जिसमें हर साल तकरीबन 11 लाख से ज्यादा स्टूडेंट्स शामिल होते हैं। इतना ही नहीं, जहां देशभर में कुछ कॉलेज JEE के आधार पर स्टूडेंट्स को एडमिशन देते हैं। वहीं, कुछ कॉलेज अपने अलग से एंट्रेंस एग्जाम भी लेते हैं।

Source:puriduniya.com

No comments:

Post a Comment