Thursday, 24 November 2016

टोल टैक्स पेमेंट के लिए नई गाड़ियों में लगेगा डिजिटल टैग

नई दिल्ली
टोल प्लाजा पर लगने वाली लंबी कतारें जल्द ही खत्म हो सकती हैं। सरकार ने ऑटोमोबाइल निर्माता कंपनियों से कहा है कि वे कार सहित सभी गाड़ियों में डिजिटल आइडेंटिटी टैग उपलब्ध कराएं, ताकि टोल टैक्स की वसूली इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से हो सके।

8 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अचानक 500 और 1000 रुपये के नोट को चलन से बाहर कर दिया। असल में इसके पीछे एक मकसद देश को कैशलेश और डिजिटल इकॉनमी की ओर ले जाना है। एक ऐसे देश में जहां अधिकतर कन्ज्यूमर अभी भी कैश से ही लेनदेन करते हैं, सरकार इलेक्ट्रॉनिक ट्रांजैक्शन को बढ़ावा देना चाहती है ताकि पारदर्शिता बढ़े और ब्लैक मनी कम हो।

वित्त सचिव शशिकांत दास ने बुधवार को मीडियाकर्मियों से कहा, 'जहां तक टोल प्लाजा का सवाल है, सड़क और परिवहन मंत्रालय ऑटोमोबाइल कंपनियों को सलाह दे रहा है कि वे सभी नई गाड़ियों में रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (आरएफआईडी) की सुविधा जरूर दें।'

उन्होंने बताया कि आरएफआईडी लगने के बाद डिजिटल माध्यस से टोल टैक्स वसूला जा सकेगा। इससे गाड़ियों को टोल प्लाजा पर इंतजार नहीं करना होगा। गाड़ियां बिना रुके जा सकेंगी। टोल प्लाजा के कामकाज में सुधार होगा।

आरएफआईडी टैग से यह सुनिश्चित होगा कि टोल प्लाजा से गाड़ियां बिना रुके ही पास हो जाएं और टोल टैक्स की वसूली भी हो जाए। टैग को रिचार्ज कराया जा सकता है। दास ने यह भी कहा कि सभी सरकारी अधिकारियों से कहा गया है कि वे डिजिटल माध्यमों से ही अपने खर्चों का भुगतान करें।

Courtesy:indiatimes.com

No comments:

Post a Comment